ज्योतिष के अनुसार जानें किस दिन और कहां लगाना शुभ, सावन से है खास कनेक्शन. भगवान शिव की पूजा आराधना करते वक्त शमी का पत्ता अवश्य अर्पण करना चाहिए.
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By : डीबी न्यूज अपडेट | Edited By : प्रिंस अवस्थी
Shami Plant Vastu Tips: सावन में भगवान शिव पर शमी का पत्ता अर्पण करना शुभ माना जाता है. लेकिन इसके पौधे को लेकर कुछ वास्तु नियम है. घर के सामने इसे नहीं लगाना चाहिए. ज्योतिषीय गणना के अनुसार सावन में एक खास दिन शमी का पौधा लगाने से शंकर भगवान प्रसन्न होते हैं. बता दें कि कुछ वस्तुएं ऐसी हैं जो भगवान शिव को बेहद प्रिय हैं. इन्हें सावन में भगवान पर अर्पण करना बेहद शुभ माना जाता है. भोले नाथ पर जलाभिषेक के साथ बेलपत्र, भांग, धतूरा, दूध, दही, शहद चढ़ाने पर प्रभु प्रसन्न तो होते ही हैं. एक वस्तु और है जिसके बिना भगवान शिव की पूजा अधूरी मानी जाती है वह है शमी का पत्ता. भगवान शिव की पूजा आराधना करते वक्त शमी का पत्ता अवश्य अर्पण करना चाहिए. कई लोग शमी का पौधा अपने घर में लगाते हैं लेकिन उसके लिए कुछ वास्तु नियम भी बतलाए गए हैं.
क्या कहते है नियम
सावन महीने में शिवलिंग की पूजा आराधना करते वक्त जल, दूध, दही, धतूरा का पुष्प, बेलपत्र के साथ शमी का पत्ता भी अर्पण करनी चाहिए. तभी शिव पूजा पूरी मानी जाती और पुण्य फल की भी प्राप्ति होती है. सावन माह मे शमी का पत्ता शिवलिंग के ऊपर अर्पण करने से कई ग्रह दोष भी शांत होते हैं. खासकर शनि की कुदृष्टि खत्म होती है. भगवान शिव की पूजा आराधना करते वक्त शमी का पत्ता अवश्य अर्पण करें. वहीं, जो जातक शमी का पौधा अपने घर में लगाना चाहता हो उसके लिए कुछ वास्तु नियम भी बतलाए गए हैं. अन्यथा इसका दुष्प्रभाव भी आपके जीवन पर पड़ सकता है.
घर में इस जगह लगाए शमी का पौधा
ज्योतिषाचार्य की मानें तो वास्तु शास्त्र में शमी का पौधा कभी भी अपने घर में नहीं लगाना चाहिए. यह अशुभ होता है. शमी का पौधा घर के बाहर अगल-बगल में लगाए. जहां इस पौधे पर सूर्य की सीधी किरणें न पड़े या फिर घर के गार्डन के दक्षिण दिशा में शमी का पौधा लगाना चाहिए. शमी का पौधा हमेशा सावन के महीने में शनिवार के दिन लगाना चाहिए. यह बेहद शुभ होता है. ध्यान रहे घर के सामने शमी का पौधा बिल्कुल भी ना लगाए अन्यथा आप पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है.
कटिंग और बुआई के जरिए लगा सकते हैं शमी का पौधा
यदि आप शमी के पौधे को कटिंग या बुआई के जरिए लगा सकते हैं. ये दोनों तरीके बहुत प्रभावी माने जाते हैं. अगर आप कटिंग के जरिए शमी का पौधा लगाना चाहते हैं, तो आपको एक स्वस्थ पौधे की लगभग 6 इंच लंबी कटिंग की जरूरत होगी. वहीं अगर आप बीज के जरिए लगाना चाहते हैं तो इसके लिए आपको सबसे पहले बीज को खरीदने की जरूरत होगी.
बीज से ऐसे उगाएं शमी का पौधा
इसके बाद आप पोटिंग से पहले स्वस्थ अंकुरण के लिए उसे 12 – 24 घंटे के लिए पानी में भिगोकर रख दें. भिगोने के बाद बाहरी परत को आराम से छीलें. फिर बीज को गमले की मिट्टी में गाड़ दें और फिर धीरे-धीरे छिड़काव करें. फिर तेजी से अंकुरण को बढ़ावा देने के लिए इसे सीधे धूप में रख दें.
कैसे करें पौधे की केयर
शमी के पौधे के अंकुरण के समय उसे भरपूर मात्रा में पानी दें, जिससे मिट्टी सूखने न पाए. लेकिन जब पौधा अपनी जड़ें स्थापित कर ले, तब पानी देने की आवृति कम करे और गमले की मिट्टी सूखने पर ही पौधे को पानी दें.
साथ ही अंकुरण वाले पीरियड में इसे पर्याप्त लाइट मिले, इसके लिए इसे 9 डिग्री से 20 डिग्री सेल्सियस वाले तापमान में गमले को रखें. एक बार जब ये अंकुरित हो जाए तो इसे गरम स्थान पर रख दें. यह पौधे 25 से 40 डिग्री सेल्सियस के तापमान में अच्छी तरह उगते हैं. लेकिन ध्यान रखें शमी का पौधा इससे ज्यादा तापमान को भी सहन नहीं कर पाते हैं और न ही 5 डिग्री सेल्सियस से कम तापमान को झेल पाता है.
खाद डालना भी जरूरी
शमी के पौधे के हेल्दी विकास के लिए समय-समय पर संतुलित जैविक उर्वरक डालें. इसी के साथ पौधे के उचित आकार को बनाए रखने और ग्रोथ के लिए पौधे की प्रूनिंग यानी छंटाई बहुत जरूरी है.
बता दें कि ये पौधा वैसे तो कीटों और बीमारियों के प्रति प्रतिरोधी होते हैं. लेकिन फिर भी समय-समय पर जांच करते रहें. इसके लिए आप नीम स्प्रे का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. इस तरह आप शमी का पौधा घर पर लगाकर उसकी बढ़िया से टेक केयर कर सकते हैं.
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