जस्टिस जुआन मर्चेन ने शुक्रवार को डोनाल्ड ट्रंप को हश मनी केस में बिना शर्त बरी करने की सजा सुनाई है. डोनाल्ड ट्रंप को सभी 34 मामलों में बिना किसी पेनाल्टी के सजा सुनाई है.
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By : DB News Update| Edited By: Prince Awasthi
Donald Trump: अमेरिका में जस्टिस जुआन मर्चेन ने शुक्रवार (10 जनवरी, 2025) को डोनाल्ड ट्रम्प को हश मनी केस में बिना शर्त बरी करने की सजा सुनाई है. डोनाल्ड ट्रंप को सभी 34 मामलों में बिना किसी पेनाल्टी के सजा सुनाई है. यानी की अब डोनाल्ड ट्रंप राहत मिल गई है. इससे ये तो साफ होता है कि उनके वाइट हाउस जाने में कोई बाधा नहीं आने वाली है. डोनाल्ड ट्रंप पहले ऐसे राष्ट्रपति होंगे, जो किसी केस में दोषी ठहराए जाने पर भी राष्ट्रपति पद की शपथ लेने वाले हैं.
10 दिन बाद लेंगे राष्ट्रपति पद की शपथ
मैनहटन क्रिमिनल कोर्ट में सजा पर सुनवाई के दौरान डोनाल्ड ट्रंप वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पेश हुए. ट्रंप केस में दोषी करार जरूर हुए हैं, लेकिन उनको कोई सजा नहीं सुनाई गई है. खास बात ये है कि 10 दिनों के बाद ट्रंप वाइट हाउस में राष्ट्रपति पद की शपथ लेने वाले हैं.
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को ट्रम्प की ओर से कार्यवाही को रोकने के अनुरोध को खारिज कर दिया गया था. इसी के साथ मैनहट्टन में न्यूयॉर्क राज्य की अदालत में सजा सुनाने का रास्ता खुल गया था.
देश के कानूनों और संविधान का अंतिम संरक्षक
ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह से पहले उन्हें सजा सुनाया जाना एक ऐसा आश्चर्यजनक विरोधाभास पैदा करता, जिसका गवाह अमेरिका पहले नहीं बना है. कुछ ही दिनों में डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति पद की विशाल शक्तियां और देश के कानूनों और संविधान का अंतिम संरक्षक बनने वाले हैं.
ट्रंप 20 जनवरी को लेंगे राष्ट्रपति पद की शपथ
बता दें डोनाल्ड ट्रंप 20 जनवरी को संयुक्त राज्य अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेने वाले हैं.
पिछले साल छह सप्ताह तक चले इस मुकदमे की सुनवाई करने वाले जस्टिस जुआन मर्चेन ने संकेत दे दिया था कि उनकी योजना ट्रंप को जेल भेजने या उन पर जुर्माना लगाने की नहीं है, लेकिन बिना शर्त रिहाई देकर वो ट्रंप के स्थायी रिकॉर्ड में दोषसिद्धि का फैसला दर्ज कर देंगे. हालांकि 78 वर्षीय ट्रंप ने खुद को निर्दोष बताया है.
कानून का उल्लंघन करने का आरोप
बता दें कि ट्रंप पर एक पोर्न स्टार को किए गए भुगतान को कानूनी खर्च के रूप में अकाउंट बुक्स में दिखाकर कानून का उल्लंघन करने का आरोप था. भुगतान ट्रंप के वकील के जरिए स्टॉर्मी डेनियल को किया गया था, ताकि वो रिपब्लिकन नेता के साथ अपने यौन संबंध के बारे में खामोश रहें.
राष्ट्रपति चुनाव में ट्रंप के खिलाफ़ चुनाव लड़ने वाली उपराष्ट्रपति कमला हैरिस और उनके समर्थकों ने इसे एक प्रमुख मुद्दा बनाया, लेकिन मतदाताओं ने इसे नजरअंदाज कर दिया. वहीं चुनाव प्रचार के दौरान ट्रंप ने खुद को राजनीतिक रूप से प्रेरित अभियोगों से पीड़ित एक शहीद के रूप में पेश किया.
मैनहट्टन डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी एल्विन ब्रैग ने मार्च 2023 में व्यापारी से राजनेता बने डोनाल्ड ट्रंप पर हेरफेर करके अपने पूर्व वकील माइकल कोहेन के जरिए एडल्ट फिल्म अभिनेत्री स्टॉर्मी डेनियल्स को 2016 के चुनाव से पहले चुप रहने के लिए दिए गए 1,30,000 डॉलर के भुगतान को छिपाने का आरोप लगाया था. डेनियल्स ने ट्रंप के साथ यौन संबंध होने का भी दावा किया था, जिससे ट्रंप ने इनकार किया था. इस मामले में डोनाल्ड ट्रंप मुकदमे का सामना कर रहे थे.
जांच और समय बर्बाद करने का दिया तर्क
डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए जांच की आलोचना की। उन्होंने कहा कि इस जांच में समय और पैसे बर्बाद किए गए, जबकि न्यूयॉर्क शहर में अपराध और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर ध्यान दिया जाना चाहिए था। उन्होंने यह भी कहा कि डेमोक्रेट्स को कट्टरपंथी बताते हुए कहा कि मुझे दोषी ठहराने के प्रयास में लाखों डॉलर खर्च किए और छह साल से अधिक समय तक काम किया, जबकि न्यूयॉर्क के लोगों की सुरक्षा के लिए इस पैसे का इस्तेमाल होना चाहिए था.
कोर्ट के फैसले को मिटाने की शक्ति नहीं
इस मामले में मैनहट्टन कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस जेएम मर्चन ने कहा कि मैं सजा इसलिए दे रहा हूं, क्योंकि अमेरिकी संविधान राष्ट्रपतियों को अभियोजन से बचाता है। लेकिन राष्ट्रपति कार्यालय को दी गई सुरक्षा किसी अपराध की गंभीरता को कम नहीं करती या उचित नहीं ठहराती। असाधारण सुरक्षा के बावजूद राष्ट्रपति कार्यालय को जूरी के फैसले को मिटाने की शक्ति नहीं है।
