पाकिस्तान में इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर भड़की हिंसा में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस और रेंजर्स पर हमला किया. इसमें 6 सुरक्षाकर्मी मारे गए.
Source : MEDIA
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Violence In Pakistan: पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर हालात बिगड़ते जा रहे हैं. सैकड़ों समर्थक इस्लामाबाद में घुसकर हिंसा पर उतारू हो गए हैं. श्रीनगर हाईवे पर प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा रेंजर्स को गाड़ियों से कुचल दिया जिसमें 4 पैराट्रूपर्स की मौत हो गई. जानकारी के मुताबिक अब तक इस हिंसा में 6 सुरक्षाकर्मी मारे जा चुके हैं और 100 से ज्यादा पुलिसकर्मी घायल हुए हैं. स्थिति को काबू में करने के लिए अनुच्छेद 245 के तहत सेना को बुलाया गया है और देखते ही गोली मारने के आदेश जारी किए गए हैं.
मुख्यमंत्री अली अमीन गंदापुर के नेतृत्व में मार्च जारी है
बताया जा रहा है कि खैबर पख्तूनख्वा से प्रदर्शनकारी डी-चौक की ओर बढ़ रहे हैं जो राष्ट्रपति भवन, प्रधानमंत्री कार्यालय और संसद जैसी प्रमुख इमारतों के पास है. प्रदर्शनकारियों ने शिपिंग कंटेनरों और बैरिकेड्स को भारी मशीनरी की मदद से हटा दिया. इमरान खान की पत्नी बुशरा बीबी और मुख्यमंत्री अली अमीन गंदापुर के नेतृत्व में मार्च जारी है. प्रदर्शनकारी शांतिपूर्ण विरोध का दावा कर रहे हैं, लेकिन हिंसा बढ़ती जा रही है.
बैरिकेडिंग लगभग 700 कंटेनर रखे गए
इस्लामाबाद को ‘कंटेनर सिटी’ बना दिया गया है और राजधानी में बतौर बैरिकेडिंग लगभग 700 कंटेनर रखे गए हैं. बलूचिस्तान से आ रहा एक काफ़िला इस्लामाबाद से कुछ किलोमीटर दूर है. यह काफ़िला चार दिन पहले बलूचिस्तान से निकला था और इसमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं. अलग-अलग इलाक़ों से आ रहे ये प्रदर्शनकारी इस्लामाबाद के डी-चौक पहुंचना चाहते हैं. इस विरोध प्रदर्शन में इमरान ख़ान की पत्नी बुशरा बीबी भी हिस्सा ले रही हैं जो पिछले महीने ही ज़मानत पर जेल से बाहर आई हैं. विरोध के दौरान पुलिस और पीटीआई कार्यकर्ताओं के बीच झड़प की ख़बरें भी आई हैं.
बुशरा बीबी क्या बोलीं?
इमरान ख़ान की पत्नी बुशरा बीबी पहली बार किसी राजनीतिक रैली में हिस्सा ले रही हैं. पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने साल 2018 में बुशरा बीबी से अपनी तीसरी शादी की बात सार्वजनिक की थी. शादी से पहले बुशरा बीबी को बुशरा मानिका के नाम से जाना जाता था और शादी के बाद इमरान उनसे धार्मिक मामलों ख़ासतौर पर सूफ़ीवाद पर सलाह लिया करते थे. इसी साल जनवरी में इस्लामाबाद की एक अदालत ने बुशरा बीबी और इमरान ख़ान को तोशाखाना मामले में 14-14 साल की सज़ा सुनाई थी. साथ ही 20 लाख पाकिस्तानी रुपये का जुर्माना भी लगाया गया था.
पीटीआई के काफ़िले को बुशरा बीबी ने संबोधित किया
सोमवार को पेशावर से इस्लामाबाद आ रहे पीटीआई के काफ़िले को बुशरा बीबी ने संबोधित किया. अपने संबोधन में बुशरा ने कहा, “जब तक हमारे ख़ान हमारे पास नहीं आते, हम मार्च ख़त्म नहीं करेंगे. यह सिर्फ़ मेरे पति के बारे में नहीं है बल्कि इस देश और इसके नेता के बारे में है. मैं अपनी आख़िरी सांस तक खड़ी रहूंगी और आपको मेरा समर्थन करना होगा.” बुशरा बीबी के संबोधन के जवाब में कार्यकर्ताओं ने उत्साहपूर्वक जवाब दिया कि वे उनका समर्थन करेंगे.
काफिला बुरहान इंटरचेंज से इस्लामाबाद की ओर बढ़ रहा
ख़ैबर-पख़्तूनख़्वा के मुख्यमंत्री अली अमीन गंडापुर और बुशरा बीबी के नेतृत्व में काफिला बुरहान इंटरचेंज से इस्लामाबाद की ओर बढ़ रहा है. बुरहान इंटरचेंज से इस्लामाबाद की दूरी 50 किलोमीटर से भी कम है.
पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प
पुलिस और पीटीआई कार्यकर्ताओं के बीच आपसी टकराव की घटनाएं भी सामने आई हैं. पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों ने उनकी तरफ़ पत्थर फेंके और इसकी वजह से 14 पुलिसकर्मी घायल हुए जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा. इस बीच, पीटीआई कार्यकर्ताओं का दावा है कि पुलिस भीड़ पर आंसू गैस के गोले छोड़ रही है और उन पर लाठियां बरसा रही है. स्थानीय अधिकारियों के अनुसार, सोमवार सुबह पूरे इस्लामाबाद में दर्जनों प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया, जिसमें डी-चौक से कम से कम चार लोगों को गिरफ़्तार किया गया है.
लिस डी चौक की निगरानी कर रही है-नक़वी
पाकिस्तान सरकार के मंत्री मोहसिन नक़वी ने रविवार को कहा कि पुलिस डी चौक की निगरानी कर रही है और चौक पर कदम रखने वाले किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया जाएगा. बुरहान इंटरचेंज पर भी पीटीआई कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच झड़प हो गई. तहरीक-ए-इंसाफ़ द्वारा शेयर किए गए वीडियो में देखा जा सकता है कि पुलिस ने आंसू गैस छोड़ी जबकि कार्यकर्ताओं ने पुलिस पर पथराव किया.
