इसका ऐलान सीएम मोहन यादव ने किया था, लेकिन इंतजार कर रहे लोग, सीएम डॉक्टर मोहन यादव ने ऐलान किया था कि सिर्फ 999 रुपए खर्च करके यात्री एमपी में यात्रा कर पाएंगे
Source : DB News Update
By : DB News Update| Edited By: प्रिंस अवस्थी
Bhopal Flight News: भोपाल: एमपी में भोपाल से रीवा तक 999 रुपए वाली फ्लाइट कब से शुरू होगी? इसकी जांच करने वालों की संख्या लगातार सोशल मीडिया सर्च की जा रही है. बता दें कि 21 अक्टूबर 2024 को मध्य प्रदेश के रीवा की धरती से दुनिया की सबसे सस्ती हवाई सेवा शुरू करने का ऐलान किया गया था. सीएम डॉक्टर मोहन यादव ने ऐलान किया था कि सिर्फ 999 रुपए खर्च करके यात्री एमपी में यात्रा कर पाएंगे. अब जब दिवाली और छठ के त्योहार के अवसर पर सफर करने वालों की संख्या इजाफा हुआ है तो ऐसे में सस्ती फ्लाइट में सफर करने वाले लोग सोशल मीडिया पर भोपाल-रीवा तक चलने वाली फ्लाइट ढृढ़ रहे है.
999 रुपए में हवाई सफर कराने वाला वादा
दरअसल 999 रुपए में हवाई सफर वाली सेवा अभी प्रारंभ नहीं हो पाई है. सरकार, विमान कंपनियों के साथ बात कर रही है. जल्द ही विमान सेवा शुरू होगी और यात्रियों को एक महीने तक ₹999 में यात्रा करने का मौका मिलेगा. अभी प्रदेश के लोगों को इंतजार करना पड़ेगा.
सीएम ने किया था ऐलान
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 अक्टूबर को वर्चुअली रीवा एयरपोर्ट का शुभारंभ किया था। इस मौके पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने ऐलान किया था कि सरकार के द्वारा इतनी सब्सिडी दी जाएगी कि एक आम आदमी सिर्फ ₹999 खर्च करके ही हवाई जहाज में उड़ सकेगा. सीएम यादव ने इसे विंध्य क्षेत्र के लोगों के लिए एक विशेष उपहार बताया था.
सीएम ने किया था ऐलान
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 अक्टूबर को वर्चुअली रीवा एयरपोर्ट का शुभारंभ किया था. इस मौके पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने ऐलान किया था कि सरकार के द्वारा इतनी सब्सिडी दी जाएगी कि एक आम आदमी सिर्फ ₹999 खर्च करके ही हवाई जहाज में उड़ सकेगा. सीएम यादव ने इसे विंध्य क्षेत्र के लोगों के लिए एक विशेष उपहार बताया था.
प्रदेश में अब 6 एयरपोर्ट
रीवा में आयोजित एक समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विंध्य क्षेत्र के लोगों को त्योहार से पहले बहुत बड़ा दिवाली तोहफा दिया है। इस हवाई अड्डे के उद्घाटन से विंध्य क्षेत्र के सात जिलों के विकास की नई राहें खुलेंगी और यहां बदलाव आएगा। यादव ने यह भी घोषणा की कि विंध्य के निवासियों को एक महीने के लिए भोपाल तक की हवाई यात्रा मात्र 999 रुपए में उपलब्ध कराएगी. इस अवसर पर रीवा-भोपाल उड़ान को हरी झंडी दिखाई गई.
गौरतलब है कि रीवा एयरपोर्ट के साथ ही मध्य प्रदेश में अब 6 एयरपोर्ट हो चुके हैं, लेकिन 999 रुपए वाली जहाज सिर्फ भोपाल और रीवा के लिए ही तय की गई है। प्रदेश में 25 हवाई पट्टियां विकसित की जा चुकी हैं और जल्द ही प्रदेश के हर जिले में हवाई पट्टियां बनाई जानी हैं.
भोपाल से शुरू होगी इंटरनेशनल कनेक्टिविटी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस अवसर पर एक और बड़ी घोषणा की. उन्होंने बताया कि अगले दो महीनों के बाद भोपाल से शारजाह के लिए उड़ान शुरू हो जाएगी. इससे हमारे नगरों से सीधे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जाया जा सकेगा.
वाई क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रगति
सीएम ने राज्य के विमानन इतिहास को याद करते हुए बताया कि मध्य प्रदेश का पहला एयरपोर्ट 1930 में जबलपुर में बना था और भोपाल 1945 में एयरपोर्ट बना. उन्होंने कहा कि पिछले तीन वर्षों में रीवा, दतिया और सतना में तीन नए एयरपोर्ट तैयार किए गए हैं. इसके साथ ही, उज्जैन और शिवपुरी के एयरपोर्ट के लिए भी मंजूरी मिल चुकी है.
मुख्यमंत्री ने बताया कि आज प्रदेश को पांच और नए एयरपोर्ट की सौगात मिली है. राज्य में एयर एंबुलेंस की सुविधा भी शुरू की गई है, जिससे उज्जैन, इंदौर और ओंकारेश्वर के लिए रोज हवाई सेवाएं संचालित की जा रही हैं. अगले पांच वर्षों में प्रदेश को 10 नए एयरपोर्ट मिलने वाले हैं.
विमानन क्षेत्र के लिए बड़ी घोषणाएं
कार्यक्रम में मौजूद केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू ने भी मध्य प्रदेश के विकास की सराहना की. उन्होंने बताया कि 12 वर्षों में केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश के एविएशन सेक्टर में लगातार काम किया है. सतना, दतिया और रीवा में हवाई अड्डे शुरू किए गए हैं और इंदौर से इंटरनेशनल कनेक्टिविटी भी दी गई है.
केंद्रीय मंत्री ने घोषणा की कि मध्य प्रदेश की 10 हवाई पट्टियों को एयरपोर्ट बनाया जाएगा. उन्होंने कहा कि आने वाले 10 वर्षों में देश में हवाई कनेक्टिविटी के लिए 29 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. इसके अलावा अगले 10 वर्षों में देश में 100 नए एयरपोर्ट बनाने का लक्ष्य है. फिलहाल, भारत के पास 1700 विमानों के ऑर्डर हैं. इन विमानों की मदद से मेडिकल एंबुलेंस सेवाओं को मजबूत किया जाएगा. पर्यटन स्थलों को भी हवाई सेवाओं से जोड़ा जा रहा है.
