विंध्य क्षेत्र में रेल कनेक्टिविटी: सतना–देवेंद्रनगर एवं रीवा–चुरहट रेलखंडों का हुआ ऐतिहासिक उद्घाटन, केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया 118 किमी लंबी नई रेल लाइनों का उद्घाटन
Source : DB News Update
Written By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Green Signal To Churhat–Rewa Special Trains News: मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र के सर्वांगीण विकास को नई गति देते हुए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सतना–देवेंद्रनगर (53 किमी, लागत ₹873 करोड़) तथा रीवा–चुरहट (65 किमी, लागत ₹1,070 करोड़) रेलखंडों का वर्चुअल उद्घाटन किया. इस अवसर पर स्वतंत्रता के बाद पहली बार सीधी जिला (चुरहट) सीधे भारतीय रेल नेटवर्क से जुड़ गया. कार्यक्रम के अंतर्गत नागौद रेलवे स्टेशन से गाड़ी संख्या 06131 (नागौद–देवेंद्रनगर) और चुरहट स्टेशन से गाड़ी संख्या 06134 (चुरहट–रीवा) स्पेशल ट्रेनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया. आगामी 26 अक्टूबर से देवेंद्रनगर–चुरहट–देवेंद्रनगर मेमू ट्रेन (61629/61630) का नियमित परिचालन (सप्ताह में 6 दिन) शुरू होगा.
विंध्य और बुंदेलखंड के विकास की नई लाइफलाइन-वैष्णव
रेल मंत्री ने कहा कि यह रेलखंड विंध्य और बुंदेलखंड के विकास की नई लाइफलाइन बनेगा. उन्होंने रेखांकित किया कि मध्य प्रदेश में लगभग ₹1.50 लाख करोड़ की रेल परियोजनाओं पर तेजी से कार्य चल रहा है तथा प्रदेश में आने वाले समय में 100 से अधिक नई मेमू व अन्य रेल सेवाएं शुरू की जाएंगी. साथ ही खजुराहो एवं ग्वालियर स्टेशनों को विश्वस्तरीय स्वरूप दिया जा रहा है.
आर्थिक तस्वीर बदलेगी- मुख्यमंत्री यादव
मुख्यमंत्री ने इसे विंध्य क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक दिन बताते हुए कहा कि 541 किमी लंबी ललितपुर–सिंगरौली परियोजना पूरे क्षेत्र की आर्थिक तस्वीर बदलेगी. आजादी के बाद पहली बार सीधी जिले का रेल नेटवर्क से जुड़ना नागरिकों के लिए शिक्षा, बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं और रोजगार के नए द्वार खोलेगा. उन्होंने केंद्र सरकार व रेल मंत्रालय के प्रति आभार व्यक्त किया.
विंध्य क्षेत्र के इतिहास में मील का पत्थर है-राजेंद्र शुक्ल
चुरहट रेलवे स्टेशन पर उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि रीवा-चुरहट रेल लाइन का लोकार्पण विंध्य क्षेत्र के इतिहास में मील का पत्थर है, जिससे सीधी जिले का दशकों पुराना रेल सपना पूरा हुआ है और इससे पूरे क्षेत्र में उद्योग, स्वास्थ्य, शिक्षा व पर्यटन के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आएगा.
वहीं नागौद रेलवे स्टेशन पर मध्य प्रदेश शासन की राज्य मंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी ने इस सौगात को क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण का बड़ा माध्यम बताते हुए कहा कि नई रेल सेवा से ग्रामीण अंचल, महिलाओं, विद्यार्थियों और व्यापारियों को सुगम व सुरक्षित परिवहन की सुविधा मिलेगी.
आजादी के बाद का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक दिन-गणेश सिंह
नागौद रेलवे स्टेशन पर आयोजित मुख्य समारोह को संबोधित करते हुए सांसद गणेश सिंह ने कहा कि आज का दिन सतना और समूचे विंध्य क्षेत्र के लिए आजादी के बाद का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक दिन है. क्षेत्रवासियों का दशकों पुराना सपना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के नेतृत्व में साकार हुआ है. उन्होंने कहा कि ललितपुर–सिंगरौली रेल परियोजना, जो वर्षों तक उपेक्षित रही, उसे वर्तमान सरकार ने पर्याप्त बजट और प्राथमिकता देकर धरातल पर उतारा है. सतना से नागौद होते हुए देवेंद्रनगर तक रेल लाइन शुरू होने से अब यह पूरा अंचल मुख्य राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से सीधे जुड़ गया है.
कहां किसकी रही कार्यक्रम में उपस्थिति
नागौद रेलवे स्टेशन: मध्य प्रदेश शासन की राज्य मंत्री माननीया श्रीमती प्रतिमा बागरी, सतना सांसद गणेश सिंह, खजुराहो सांसद विष्णु दत्त शर्मा, नागौद विधायक नागेन्द्र सिंह सहित पश्चिम मध्य रेल के महाप्रबंधक दिलीप कुमार सिंह व मंडल रेल प्रबंधक कमल कुमार तलरेजा उपस्थित रहे.
चुरहट रेलवे स्टेशन: मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, रीवा सांसद जनार्दन मिश्रा, सीधी सांसद राजेश मिश्रा सहित प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक अरविन्द कुमार रजक एवं मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) एम.एस. हाशमी उपस्थित रहे.
देवेंद्रनगर–चुरहट नई मेमू ट्रेन समय-सारिणी (26 अक्टूबर से नियमित):
गाड़ी संख्या 61629/61630 देवेंद्रनगर–चुरहट–देवेंद्रनगर मेमू 26 अक्टूबर 2026 से सप्ताह में छह दिन (रविवार छोड़कर) संचालित होगी.
गाड़ी सं. 61629: देवेंद्रनगर प्रस्थान सुबह 07:00 बजे, चुरहट आगमन दोपहर 13:15 बजे.
गाड़ी सं. 61630: चुरहट प्रस्थान दोपहर 15:00 बजे, देवेंद्रनगर आगमन रात 21:45 बजे.
ठहराव (15 स्टेशन): फुलवारी, नागौद, बरेठिया, करही, सतना, कैमा, सकरिया, हिनौतारामबन, बघाई रोड, तुरकी रोड, रीवा, सिलपरा, गोविंदगढ़, बघवार और रामपुर नैकिन.
नई रेल कनेक्टिविटी से क्षेत्र को होने वाले प्रमुख लाभ
- रोजगार एवं व्यापार के नए अवसर: रेल कनेक्टिविटी से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी. वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक्स, माल ढुलाई, स्थानीय परिवहन, होटल एवं खानपान व्यवसाय में स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के व्यापक नए अवसर सृजित होंगे.
- पर्यटन को अभूतपूर्व बढ़ावा: विंध्य एवं बुंदेलखंड क्षेत्र की ऐतिहासिक और प्राकृतिक धरोहरों तक पहुंच बेहद सुगम होगी. विश्व प्रसिद्ध खजुराहो, पन्ना टाइगर रिजर्व, मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी, रीवा का किला, गोविंदगढ़ तथा चचाई व बहुती जलप्रपात जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी, जिससे स्थानीय हस्तशिल्प और गाइड सेवाओं को सीधा लाभ मिलेगा.
- उद्योग एवं कृषि को संबल: सतना-नागौद के चूना पत्थर, क्लिंकर और सीमेंट उद्योगों को माल परिवहन हेतु सुदृढ़ लॉजिस्टिक्स मिलेगा, जिससे सड़कों पर भारी वाहनों का दबाव कम होगा. वहीं देवेंद्रनगर व नागौद के किसानों को अपनी कृषि उपज और सब्जियां बड़े बाजारों व मंडियों तक तेजी और किफायती दर पर पहुंचाने की सुविधा मिलेगी.
- दैनिक यात्रियों, विद्यार्थियों एवं मरीजों को सुगम यात्रा: मेमू सेवा शुरू होने से सतना, रीवा, पन्ना और सीधी के बीच आने-जाने वाले छात्रों को उच्च शिक्षण संस्थानों तक पहुंचने, मरीजों को विशेषज्ञ अस्पतालों में इलाज कराने तथा नौकरीपेशा लोगों को समयबद्ध व किफायती आवागमन का सीधा लाभ मिलेगा.
