NHAI ने मध्य प्रदेश को अलॉट किए हैं 2643.74 करोड़, 114.105 किमी बनाई जा रही रोड, नेशनल हाइवे अथॉरिटी के अधिकारी 5 फेज में करा रहे काम
Source : DB News Update
By : DB News Update | Edited By : प्रिंस अवस्थी
Ring Road MP Jabalpur News: नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने जबलपुर शहर के चारों तरफ रिंग रोड (Ring Road) बनाने के लिए 2643.74 करोड़ रुपये अलॉट किए हैं. इस राशि से 114.105 किमी 4 लेन सड़क (4 Lane Road) बनाई जा रही है. इसका निर्माण कार्य नेशनल हाइवे अथॉरिटी के अधिकारी 5 फेज में करा रहे हैं. पहले फेज का काम नर्मदा के ऊपर बन रहे झूला पुल को छोड़कर लगभग पूरा होने की कगार पर पहुंच रहा है. नर्मदा पर बनाए जा रहे एक किमी के ब्रिज का काम जारी है. इसके निर्माण में अभी वक्त लगेगा. लेकिन मेजर ब्रिज और सड़क का निर्माण कार्य लगभग पूरा होने की कगार पर पहुंच गया है. इस रोड पर नागपुर से मंडला की ओर आने-जाने वाले वाहनों का आवागमन शुरू है. लेकिन जब तक एक्स्ट्राडोज्ड ब्रिज का निर्माण नहीं हो जाता है, तब तक रिंग रोड के पहले फेज का काम कम्प्लीट नहीं माना जाएगा. क्योंकि सड़क के दोनों ओर से आगमन तभी संभव है, जब रिंग रोड के नर्मदा पुल कम्प्लीट हो जाते हैं. एनएचएआई के अधिकारियों ने जिस तारीख तक रिंग रोड के पहले हिस्से को पूरा करने की समय-सीमा निर्धारित की थी. वह समय-सीमा खत्म हो चुकी है और अभी पहले फेज के निर्माण में कितना समय लगता है? कुछ कहा नहीं जा सकता है.

सर्विस रोड भी बनाई जा रही
मंडला एकता मार्केट से नर्मदा पुल पार करने के बाद मंगेली के आसपास रिंग रोड की सर्विस रोड भी लगभग तैयार हो चुकी है. इस सर्विस रोड पर लाइटिंग का कार्य प्रगति पर है. इस रूट से नागपुर, मंडला, डिंडौरी, बरगी की ओर आने जाने वाले वाहन गुजर रहे हैं. लेकिन रिंग रोड के ऊपर बन रहे एक्स्ट्राडोज्ड ब्रिज का काम अभी बकाया है. इसके दो पायलान पर अभी काम ही चल रहा है. यह काम कब तक पूरा होगा? कुछ कहा नहीं जा सकता है. क्योंकि ये दोनों पायलॉन नर्मदा के बीच वाले हिस्से को जोड़ने के लिए तैयार किए जा रहे हैं. हलांकि पायलॉन का काम पूरा होने के बाद इसका काम जल्द पूरा किया जाएगा. क्योंकि रिंग रोड का पहले हिस्से में एक्स्ट्राडोज्ड ब्रिज आ रहा है.

रोड नेटवर्क होने से खुलेंगे विकास के द्वार
रिंग रोड के निर्माण होने से तिलहरी, बिलहरी, बरेला, मंगेली के अलावा जितना हिस्सा रिंग रोड की जद में आता है. उस क्षेत्र में बड़ी तेजी के साथ किसानों और बिल्डरों के द्वारा जिस जमीन पर खेती होती थी, वहां प्लाटिंग शुरू कर दी गई है. इससे साफ जाहिर होता है कि रिंग रोड के आसपास बड़ी तेजी से विकास के द्वार खुलेंगे. यहां मल्टी स्टोरी टॉवर, शॉपिंग मॉल, स्कूल, बड़े वाहन विक्रताओं के गैराज सेंटर खोले जा रहे हैं. रिंग रोड का निर्माण होते ही शहर का दायरा बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं. बड़ी तेजी के साथ रिंग रोड के आसपास डेवलपमेंट देखने को मिलेगा.

इन सुविधाओं से सुसज्जित रहेगी रिंग रोड
- -रिंग रोड मध्य प्रदेश की सबसे लंबी आउटर रिंग रोड होगी. जिसकी लंबाई करीब 114 किलोमीटर है.
- – रिंग रोड पर 2643.74 करोड रुपए खर्च किए जा रहे हैं.
- – रिंग रोड का निर्माण 5 हिस्सों में कार्य कराया जा रहा है.
- – 114 किमी लंबी रिंग रोड के बीच में 14 बड़े पुल, 37 छोटे पुल बनाए जाएंगे.
- – रिंग रोड में 3 फ्लाई ओवर और 4 रेलवे ओवर ब्रिज भी बनाए जा रहे हैं.
- – रोड में एंट्रेंस और बाहर जाने के लिए करीब 15 पॉइंट बनाए जाएंगे. जिससे वाहनों को प्रवेश मिलेगा.
- – रिंग रोड बनाए जाने के बाद 5 लॉजिस्टिक पार्क बनाए जाएंगे.
- -जबलपुर की आर्थिक तरक्की में पंख लग जाएंगे. इतना ही नहीं निवेश करने का भी मौका उद्योगपतियों को मिलेगा.

इन 5 चरणों में कराया जा रहा काम
फेज लागत दूरी
बरेला से मानेगांव -480.23 करोड़ -16.15
मानेगांव से एनएच-30 तक -633.65 करोड़ -20.13
एनएच-45 से कुशनेर तक – 580.85 करोड़ -36.30
कुशनेर से अमझर – 341.65 करोड़ -23.65
अमझर से बरेला – 607.36 करोड़ -17.875
कुल – 2643.74 करोड़ -114.105 किमी
