राहुल गांधी ने नई दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और कर्नाटक की बेंगलुरु सेंट्रल लोकसभा सीट के महादेवपुरा विधानसभा क्षेत्र के नतीजों को ‘वोट चोरी’ के नमूने के तौर पर पेश किया.
By : DB News Update | Edited By : प्रिंस अवस्थी
Vote Theft Allegations in Rahul Gandhi : लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गाँधी ने एक बार फिर ‘वोट चोरी’ के नैरेटिव को आगे बढ़ाया है. उन्होंने नई दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और कर्नाटक की बेंगलुरु सेंट्रल लोकसभा सीट के महादेवपुरा विधानसभा क्षेत्र के नतीजों को ‘वोट चोरी’ के नमूने के तौर पर पेश किया. इसके बाद उन्होंने अपने आवास पर INDIA गठबंधन के नेताओं के सामने ‘डेमोक्रेसी डिस्ट्रॉयड’ नाम से एक और प्रेजेंटेशन दी. इस मीटिंग में 25 विपक्षी पार्टियों के करीब 50 नेता मौजूद रहे और 11 अगस्त को चुनाव आयोग तक मार्च निकालने पर सहमति बनी.
चुनाव आयोग को आरोपों पर आपत्ति
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार चुनाव आयोग ने राहुल गाँधी के आरोपों का जवाब देते हुए कहा है कि राहुल ने पहले शिकायत क्यों नहीं की. कर्नाटक के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने राहुल गाँधी को पत्र लिखकर कहा है कि “अगर राहुल गाँधी के पास कोई पुख्ता सबूत है तो वो शपथ पत्र देकर उसे चुनाव आयोग के साथ साझा करे.” साथ ही उन्हें उन सभी मतदाताओं के नाम और ब्यौरे पेश करने होंगे जिनके नाम कथित तौर पर हटाए गए हैं. उत्तर प्रदेश, हरियाणा और महाराष्ट्र के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों ने भी राहुल गाँधी के आरोपों पर आपत्ति जताई है.

