By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
DB News Update | Divya Bhumi NewsDB News Update | Divya Bhumi NewsDB News Update | Divya Bhumi News
  • Home
  • Religion
  • National
  • International
  • Madhya Pradesh
  • Politics
  • Business
Reading: 4 माह की फीमेल शावक कीचड़ में फंसी, घायल
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa
DB News Update | Divya Bhumi NewsDB News Update | Divya Bhumi News
Font ResizerAa
  • National
  • International
  • Politics
  • Religion
  • Technology
Search
  • Home
  • Religion
  • National
  • International
  • Madhya Pradesh
  • Politics
  • Business
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2024 Copyright All Rights Reserved. Media Management Society Jabalpur M.P. | Design & Developed by JPTechnoPark
DB News Update | Divya Bhumi News > Blog > Madhya Pradesh > 4 माह की फीमेल शावक कीचड़ में फंसी, घायल
Madhya Pradesh

4 माह की फीमेल शावक कीचड़ में फंसी, घायल

DB News
Last updated: 29/03/2026 11:57 AM
DB News
Share
5 Min Read
SHARE

आवाज सुनकर ग्रामीणों ने जब घटनास्थल पर जाकर देखा तो इसकी सूचना वन परिक्षेत्र अधिकारी पंकज दुबे को दी.प्रिजर्व कर जबलपुर लैब भेजा जा रहा है। शावक को क्रेज (पिंजरे) में रखकर रात भर निगरानी की जाएगी।

Source : DB News Update  

Contents
आवाज सुनकर ग्रामीणों ने जब घटनास्थल पर जाकर देखा तो इसकी सूचना वन परिक्षेत्र अधिकारी पंकज दुबे को दी.प्रिजर्व कर जबलपुर लैब भेजा जा रहा है। शावक को क्रेज (पिंजरे) में रखकर रात भर निगरानी की जाएगी।शावक चलने फिरने असहज महसूस कर रहीप्रिजर्व की जबलपुर लैब में होगी जांचसबसे पहले खुद की सुरक्षा जरूरीदूरी बनाकर स्थिति देखेंऐसा बिल्कुल भी न करेंखुद को शावक से कितना खतराअसली खतरा तब जब माँ या झुंड में जाते हैं

By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी

 Mp News Satna: चित्रकूट उप वन मंडल के मझगवां रेंज की चितहरा बीट के राजस्व क्षेत्र में बने बांध के कीचड़ में बुधवार की दोपहर करीब 3 बजे टाइगर के 4 माह की फीमेल शावक बुरी तरह से फंस गई। पहले तो उसने स्वयं निकलने की कोशिश की लेकिन असफल होने पर गुर्राने लगी। आवाज सुनकर ग्रामीणों ने जब घटनास्थल पर जाकर देखा तो इसकी सूचना वन परिक्षेत्र अधिकारी पंकज दुबे को दी। रेंजर के मुताबिक मादा शावक करीब 4 घंटे तक दलदल में फंसी रही। ग्रामीणों के सहयोग से जाल और लकड़ी के माध्यम से उसे बाहर निकाला गया।

शावक चलने फिरने असहज महसूस कर रही

उधर, चित्रकूट उप वन मंडलाधिकारी अभिषेक तिवारी ने बताया कि शावक को दलदल से बाहर निकालने में 15 मिनट का समय लगा। फिलहाल शावक चलने-फिरने में असहज महसूस कर रही है, लिहाजा टाइगर सफारी मुकुंदपुर से वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. राजेश तोमर को बुलाया गया। जिनके द्वारा जांच की जा रही है। तिवारी ने अनुमान के तौर पर बताया कि शावक अपनी मां से बिछडक़र यहां तक पहुंची होगी। शावक की मां ने इसे अकेला क्यों छोड़ा? इसकी भी पड़ताल की जा रही है।

प्रिजर्व की जबलपुर लैब में होगी जांच

फीमेल शावक की जांच कर रहे डॉ. तोमर ने बताया कि जब शावक को दलदल से बाहर निकाला गया तो वह काफी देर तक अद्र्ध बेहोशी की हालत में रही। उसकी स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है। जांच के तौर पर उसके रक्त का नमूना ले लिया गया है, जिसे प्रिजर्व कर जबलपुर लैब भेजा जा रहा है। शावक को क्रेज (पिंजरे) में रखकर रात भर निगरानी की जाएगी। उसके शरीर में बाहरी चोट नहीं है। स्थिति सामान्य होने पर संभवत: गुरूवार को अंदरूनी जांच की जाएगी।

सबसे पहले खुद की सुरक्षा जरूरी

खुद की और आसपास के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करें, अगर शावक जंगली है (जैसे तेंदुआ, लोमड़ी आदि), तो पास जाने से बचें। यदि जानकारी लग गई है तो स्थानीय वन विभाग, पशु बचाव टीम या NGO को कॉल करें।  अगर शहर में हैं, तो animal helpline या fire brigade भी मदद कर सकती है। 

दूरी बनाकर स्थिति देखें

शावक कितना घायल है, ये दूर से ही समझने की कोशिश करें, मां आसपास हो सकती है, इसलिए ध्यान रखें। खुद बचाव करने की स्थिति में सिर्फ तब जब कोई और मदद उपलब्ध न हो और शावक सुरक्षित रूप से बचाया जा सकता हो, ऐसी स्थिति में बचाव भी करने की कोशिश करना चाहिए। मोटे दस्ताने पहनकर रखें, धीरे-धीरे और शांत तरीके से पास जाएं, अगर जाल/रस्सी में फंसा है, तो सावधानी से काटें और  गड्ढे में है तो मजबूत सहारा (लकड़ी/सीढ़ी) दें। जिससे उसके निकलने में मदद मिल सके।

ऐसा बिल्कुल भी न करें

  • घबराकर तेज आवाज या भीड़ न लगाएं
  • शावक को जोर से खींचकर निकालने की कोशिश न करें
  • बिना अनुभव के जंगली जानवर को हाथ न लगाएं
  • बचाने के बाद अगर घायल है तो तुरंत पशु चिकित्सक के पास ले जाएं
  • जंगली शावक को वापस प्राकृतिक स्थान पर छोड़ने के लिए वन विभाग को सौंपें

खुद को शावक से कितना खतरा

छोटे शावक (जैसे हिरण, बकरी आदि) आमतौर पर इंसानों के लिए नुकसानदेह नहीं होते। लेकिन बड़े शिकारी जानवरों के शावक (जैसे शेर या बाघ) भी खेलते-खेलते खरोंच या काट सकते हैं, जिससे चोट लग सकती है। जिससे घातक बीमारी होने की खतरा हो सकता है।

असली खतरा तब जब माँ या झुंड में जाते हैं

    सबसे बड़ा खतरा तब होता है जब आप किसी शावक के पास जाते हैं, उस दौरान उसकी माँ बहुत आक्रामक हो सकती है और हमला कर सकती है। उदाहरण के लिए, भालू या हाथी अपने बच्चों की रक्षा के लिए बेहद खतरनाक हो जाते हैं। जंगली शावक बीमारियाँ भी फैला सकते हैं। उन्हें छूने या उठाने से वे डर सकते हैं और प्रतिक्रिया में काट सकते हैं। इन सब खतरों से बचने के लिए आदमी को सावधान रहने की जरूरत है, जिससे आप और आपके परिवार पर किसी प्रकार का संकट न आए।

      You Might Also Like

      मैहर शारदा लोक का रास्ता हुआ साफ, जिले को 256 करोड़ के विकास कार्यों की मिली सौगात

      नर्मदा के घाट पर दिखा आस्था का सैलाब, संकल्प के साथ हजारों कांवड़िए तट पर पहुंचे

      सोनभद्र की नगरी में प्रवेश करेंगी नर्मदा!

      दतिया उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने से NH-44 पर उतरे कार्यकता

      डबल डेकर ब्रिज से फोरलेन में तब्दील हो गई शास्त्रीब्रिज की डिजाइन

      TAGGED:DB News UpdateDBNewsupdateDelhi NewsJbp News
      Share This Article
      Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram Threads Email Copy Link Print
      What do you think?
      Love0
      Sad0
      Happy0
      Surprise1
      Angry0
      Previous Article पीएम मोदी के तेवर चुनाव के पहले की तुलना में बदले हैं-राहुल
      Next Article डीआईजी के नाम पर सोशल मीडिया में आईडी बनाकर परिचय बढ़ाया और किया दैहिक शोषण
      Leave a comment Leave a comment

      Leave a Reply Cancel reply

      Your email address will not be published. Required fields are marked *

      Stay Connected

      FacebookLike
      TwitterFollow
      InstagramFollow
      YoutubeSubscribe
      - Advertisement -
      Ad imageAd image

      Latest News

      7 दिन में ही 70 रुपये किलो बिकने लगी चीनी
      Business 23/08/2026
      ‘आरक्षण हटाओ आंदोलन’ को खत्म करने देर रात पुलिस ने दिखाई सख्ती…
      National 22/08/2026
      लाल किले पर PM मोदी ने फहराया तिरंगा
      National 15/08/2026
      देशभक्ति की रंग में रंगा देश…, कहीं सनातन तिरंगा यात्रा तो कहीं स्कूटर रैली निकाली
      National 14/08/2026
      //

      यह विश्व में सबसे तेजी से बढ़ती हुई हिंदी समाचार वेबसाइट है। यह राजनीतिक, सामाजिक, सांस्कृतिक, धार्मिक, व्यापार, मनोरंजन और क्रिकेट की दुनियां से जुड़े समाचार प्रकाशित करने में अहम भूमिका अदा कर रही है। यह अन्य हिंदी न्यूज साइटों की अपेक्षा सबसे अधिक विश्वसनीय, प्रामाणिक और निष्पक्ष समाचार अपने समर्पित पाठक वर्ग तक पहुंचाने का कार्य कर रही है।

      Quick Link

      • About Us
      • Contact
      • My Bookmarks
      • Privacy Policy
      • Disclaimer
      • Sitemap

      Top Categories

      • Fashion
      • Health
      • Religion
      • Science
      • Technology
      • Travel

      Contact Us

      //

      Director – Mr. Prince Awasthi 8815353246,

      Editor – Miss. Supriya 8815353246.

      DB News Update | Divya Bhumi NewsDB News Update | Divya Bhumi News
      Follow US
      © 2024 Copyright All Rights Reserved. Media Management Society Jabalpur M.P. | Design & Developed by JPTechnoPark
      • Advertise
      Welcome Back!

      Sign in to your account

      Lost your password?