महिलाएं परिवार की सुख-समृद्धि के लिए देवी मां की पूजा करती है. साथ ही इस व्रत से ग्रह दोष भी दूर होते हैं.
By : डीबी न्यूज अपडेट | Edited By : प्रिंस अवस्थी
Saubhagya Sundari Teej Vrat 2024: नवंबर का महीने कई महत्वपूर्ण व्रत-त्योहारों (Vrat-Tyohar) से भरा है, जिसमें सौभाग्य सुंदरी तीज भी एक है. विशेषकर उत्तरी भारत में इसे मनाया जाता है. पंचांग के अनुसार सौभाग्य सुंदरी तीज मार्गशीर्ष महीने के कृष्ण पत्र की तृतीया तिथि को होता है.
सौभाग्य सुंदरी तीज को सौभाग्य सुंदरी व्रत भी कहते हैं. इस दिन महिलाएं व्रत रखकर देवी मां का (Devi Maa) पूजन करती हैं और परिवार की सुख-समृद्धि व कल्याण की कामना करती है. बता दें कि इस साल सौभाग्य सुंदरी तीज का व्रत सोमवार 18 नवंबर 2024 को रखा जाएगा.
सौभाग्य सुंदरी व्रत का महत्व
ज्योतिषाचार्य पंडित प्रदीप मिश्रा के अनुसार, सौभाग्य सुंदरी व्रत से वैवाहिक जीवन में खुशहाली (Happy Married Life) आती है और सौभाग्य की प्राप्ति होती है. इस व्रत के प्रभाव से कुंडली के मांगलिक दोष (Manglik Dosh) का प्रभाव भी कम होता है. विवाह में यदि देरी हो रही हो या किसी कारण विवाह में अड़चन आ रही हो तो कुंवारी कन्याएं भी इस व्रत को कर सकती हैं.
सौभाग्य सुंदरी तीज की पूजा कैसे करें
सौभाग्य सुंदरी तीज के दिन महिलाओं सबसे पहले जल्दी उठकर स्नान करें और नए वस्त्र पहनकर अच्छी तरह साज-श्रृंगार करें. इस दिन सुहाग से जुड़ी चीजों जैसे मेहंदी, कुमकुम, आलता, सिंदूर आदि को श्रृंगार में जरूर शामिल करें.
इसके बाद मां पार्वती और भगवान शिव (Shiv Parvati Puja) की एक साथ पूजा करें. मां पार्वती का भी श्रृंगार करें और पूजा में उन्हें सुहाग का सामान चढ़ाएं. इसके बाद धूप-दीप जलाएं. साथ ही इस दिन भगवान गणेश (Lord Ganesh) की भी पूजा जरूर करें.
सौभाग्य सुंदरी व्रत के दिन महिलाएं निर्जला उपवास (Nirjala Vrat) भी रखती हैं तो कुछ महिलाएं पूजा के बाद फलाहार करती हैं.
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