Rambhadraacharya on Rahul Gandhi: रामभद्राचार्य ने कहा कि राहुल गांधी के पिता राजीव गांधी अच्छे इंसान थे. वह मेरे मित्र थे. अगर राहुल शिष्टता दिखाएं तो मैं उन्हें बहुत कुछ समझा सकता हूं.
By- DBNEWSUPDATE \Edited By- Supriya
Hindu : कांग्रेस के सांसद और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की ओर से सोमवार (1 जुलाई 2024) को लोकसभा में हिंदुओं को लेकर दिया गया बयान लगातार तूल पकड़ रहा है. भारतीय जनता पार्टी (BJP) राहुल गांधी से इस बयान के लिए माफी मांगने की मांग कर रही है. बीजेपी ने इसे हिंदू वर्सेज राहुल गांधी बना दिया है, वहीं दूसरी तरफ राहुल गांधी का कहना है कि वह अपने बयान पर कायम हैं.
इन सबके बीच अब इस विवाद में जगतगुरु रामभद्राचार्य की भी एंट्री हुई है. राहुल के इस बयान से रामभद्राचार्य गुस्से में नजर आ रहे हैं. उनका कहना है कि राहुल गांधी ने संसद में यह गलत बोला है. हिंदू कभी हिंसा नहीं करता है. बीजेपी ने भी कभी हिंसा नहीं की है.
‘राहुल गांधी को अभय मुद्रा का ज्ञान नहीं’
रामभद्राचार्य यहीं नहीं रुके. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को अभय मुद्रा का ज्ञान नहीं है. मैं बताता हूं अभय मुद्रा क्या होती है. कांग्रेस ने सिखों का कत्लेआम किया है… कांग्रेस ने न जाने कितनी हिंसा की है. राहुल गांधी के पिता राजीव गांधी बहुत अच्छे इंसान थे. वह मेरे अच्छे मित्र थे. अगर राहुल गांधी शिष्टता दिखाएं तो मैं उन्हें बहुत कुछ समझा सकता हूं.
‘अयोध्या में हुई भूल को सुधारेंगे’
राममभद्राचार्य ने उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी को हुए नुकसान और अयोध्या में हुई हार पर कहा कि बीजेपी यूपी में इसलिए हारी क्योंकि वह विपक्ष के झूठ को काउंटर नहीं कर पाई. विपक्ष लगातार संविधान और आरक्षण पर झूठ फैलाता रहा. बीजेपी इसका डटकर मुकाबला नहीं कर पाई. उन्होंने आगे कहा कि जहां तक बात है अयोध्या में हुई हार से सबक की तो अयोध्या में जो भूल हुई है उसे अब सुधारा जाएगा.
राममंदिर बनाकर जगत का उपकार किया
राममभद्राचार्य ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि लाल बहादुर शास्त्री की मृत्यु में इन्हीं के परिवार का हाथ है. हिंसा तो यह लोग करते हैं हम नहीं. हमने तो राम जी का मंदिर बनाकर जगत का उपकार किया. बंगाल में जो हो रहा क्या वह हिंसा नहीं है. 1990 में जो निहत्ते राम भक्तों पर गोलियां चलाई गईं, वह हिंसा नहीं थी क्या? उन्हीं के बेटे के साथ आज इन्होंने गठबंधन करके इतनी सीट लाने का ढोंग किया है. कॉमनवेल्थ गेम से लेकर घोटालों का अंबार लग गया.
आज राहुल गांधी हिंदुओं को गाली दे रहे हैं. यही राहुल कहते थे मैं ब्राह्मण हूं. जनेऊ पहनता हूं. एक ओर गाली दे रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ जनेऊ पहनने की बात कर जनता को गुमराह कर रहे हैं. अरे राहुल गांधी एक पथ पर रहो. इनकी दादी के पिता स्वयं कहते थे कि मैं दुर्भाग्य से हिंदू हूं, कोई बात नहीं, उन्होंने फिर पारसी से विवाह किया. यह फिरोज गांधी के पोते हैं यह स्वयं हिंदू नहीं है. हिंदुस्तान की जनता इस अपमान का बदला राहुल से लेगी.
चित्रकूट धाम में संतों और जनता में गुस्सा
मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की पावन कर्मस्थली पवित्र नगरी चित्रकूट धाम के साधु-संतो सहित आम जनमानस में उबाल देखने को मिल रहा है. जिसके चलते चित्रकूट स्थित तुलसी पीठाधीश्वर जगद्गुरु श्री राम भद्राचार्य जी महाराज के उत्तराधिकारी आचार्य रामचंद्र दास के नेतृत्व में आम जनमानस द्वारा कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक साथ 10 पुतले फूंके गए.
990 में जो निहत्थे राम भक्तों पर गोलियां चलाई गई
राम मंदिर पर दिए गए बयान को लेकर रामभद्राचार्य ने कहा कि 1990 में जो निहत्थे राम भक्तों पर गोलियां चलाई गई, वह हिंसा नही थी क्या? उन्ही के बेटे के साथ आज इन्होंने गठबंधन करके इतनी सीट लाने का ढोंग किया है. उन्होंने बंगाल में हो रही हिंदुओं की हिंसा पर भी बोला और कहा कि आज वहां हिंदुओं के साथ भेदभाव हाे रहा है. आए दिन हिंदुओं को अपमानित किया जा रहा है. इस पर राहुल गांधी और उनको मानने वाले चुप्पी क्यों साधे हुए हैं? ऐसे कई मुद्दों को लेकर रामभद्राचार्य ने राहुल गांधी को घेरा और उनसे माफी मांगने को कहा. बतादें कि राहुल गांधी का यह बयान उस समय आया जब भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर बनकर तैयार हुआ है.

