कैसे लौटाएंगे, जबलपुर प्रशासन ने बनाया फॉर्मूला; एक महीने का दिया वक्त
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
School Jabalpur News: जबलपुर. प्रशासन ने शहर के 10 निजी स्कूलों को बढ़ाई गई फीस के 69 करोड़ रुपए पेरेंट्स को लौटाने के आदेश जारी किए हैं। इसके लिए प्रशासन ने फॉर्मूला बनाया है। इसके लिए एक महीने का समय दिया गया है।
मानलीजिए कोई स्कूल नर्सरी क्लास की सालभर की फीस 30000 रु. चार्ज कर रहा है। प्रशासन ने फी स्ट्रक्चर में फीस घटाकर 21000 रुपए/साल कर दी है। यानी स्कूल को अब पेरेंट को प्रति छात्र 9000 रुपए (30000 – 21000) लौटाने होंगे। यही फॉर्मूला हर क्लास के लिए लागू होगा।
15 दिन में अपील कर सकता है स्कूल मैनेजमेंट
हालांकि, स्कूल मैनेजमेंट को भी मौका दिया है कि वे जिला स्तरीय समिति के आदेश पर राज्य स्तरीय समिति के पास जाकर अपील कर सकते हैं। इसके लिए उन्हें 15 दिन का समय दिया है।
ये एक्शन अभी सिर्फ फीस बढ़ाने पर है, यूनिफॉर्म, कोर्स में बढ़ोतरी की जांच भी चल रही है। गड़बड़ी मिलती है तो स्कूलों को इसका बढ़ा हुआ पैसा भी पेरेंट्स को लौटाना पड़ेगा।
अब तक 21 गिरफ्तारियां, 30 फरार
शहर के 11 निजी स्कूलों के खिलाफ प्रशासन, शिक्षा विभाग और पुलिस की टीम लगातार 1 महीने से जांच कर रही है। फीस बढ़ाने पर 1 स्कूल की जांच अभी जारी है। एक महीने पहले कार्रवाई की शुरुआत में ही प्रशासन ने 11 स्कूलों के 51 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। इनमें स्कूलों के चेयरमैन, प्राचार्य, सीईओ, मैनेजर, सदस्य, एडवाइजर समेत 21 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं। 30 लोग फरार हैं।
कलेक्टर बोले- बाकी के स्कूल बढ़ाई फीस पर खुद निर्णय लें
जांच टीम ने मंगलवार को रिपोर्ट पेश की है। सेंट अलाइसियस स्कूल पोलिपाथर, क्राइस्ट चर्च बॉयज सीनियर सेकेंडरी स्कूल, क्राइस्ट चर्च कोएड स्कूल सालीवाडा, सेंट अलाइसियस सीनियर सेकेंडरी स्कूल सदर की 2018 से 2024-25 सेशन तक की बढ़ाई गई फीस को रद्द कर नई फीस लिस्ट जारी की है।
इससे पहले सोमवार को भी 6 स्कूल- लिटिल वर्ल्ड स्कूल कंटगा, क्राइस्ट चर्च बॉयज एंड गर्ल्स स्कूल, स्टेमफील्ड इंटरनेशनल स्कूल विजयनगर, चैतन्य टेक्नो स्कूल, ज्ञान गंगा आर्केड इंटरनेशनल स्कूल और क्राइस्ट चर्च डायसिसन स्कूल घमापुर की फीस कम करवाई गई है। आगे से पेरेंट्स को तय स्ट्रक्चर के मुताबिक ही फीस जमा करना होगी।
कलेक्टर दीपक सक्सेना का कहना है कि बाकी के स्कूलों को भी हमने मौका दिया है कि वो खुद बढ़ाई गई फीस पर निर्णय लें।
लिटिल वर्ल्ड स्कूल में सबसे ज्यादा फीस वसूली
मध्यप्रदेश निजी विद्यालय अधिनियम 2017 के तहत गठित जिला शिक्षा समिति की जांच जारी है। टीम ने पाया कि 81000 से ज्यादा छात्र-छात्राओं के पेरेंट्स से 69 करोड़ 19 लाख 88 हजार 654 रुपए ज्यादा फीस जमा कराई गई है।
कटंगा और तिलवारा में संचालित लिटिल वर्ल्ड स्कूल के संचालकों ने सबसे ज्यादा 18 करोड़ रुपए से अधिक की अवैध फीस वसूली अभिभावकों से की। सेंट अलाइसिस के दो स्कूलों ने भी 17 करोड़ रुपए से अधिक की अवैध वसूली की है।
इन स्कूलों और प्रबंधन के खिलाफ एक्शन
- क्राइस्ट चर्च स्कूल कोएड सालीवाडा: चैयरमैन अजय उमेश जेम्स, मैनेजर एस नीलेश सिंह, प्राचार्य क्षितिज जैकब
- स्टेमफील्ड इंटरनेशनल स्कूल विजयनगर: चेयरमैन मधुरानी जयसवाल, निदेशक और सचिव पर्व जायसवाल, प्राचार्य मनमीत कोहली
- क्राइस्ट चर्च फॉर बॉयज एंड गर्ल्स: चेयरमैन अजय उमेश जेम्स, प्राचार्य शाजी थॉमस, मैनेजर एलएम साठे
- श्री चैतन्य टेक्नो स्कूल धनवंतरी नगर: चेयरमैन संजीव गर्ग, प्राचार्य और सचिव जी रवींद्र, एडवाइजर सीएस विश्वकर्मा, डायरेक्टर भूपना सीमा, सुषमा श्री
- सेंट अलाइसियस स्कूल पोलीपाथर: मैनेजर फादर एसजी विल्सन, प्राचार्य और सचिव सोमा जॉर्ज
- ज्ञानगंगा ऑर्किड इंटरनेशनल स्कूल: अध्यक्ष दयाचंद जैन, उपाध्यक्ष विनीराज मोदी, सचिव भरतेश भारिल, कोषाध्यक्ष नीतिका जैन, प्राचार्य दीपाली तिवारी
- सेंट अलाइसियस सीनियर सेकेंडरी स्कूल सदर: प्राचार्य सीबी जोसफ
- लिटिल वर्ल्ड स्कूल: सीईओ चित्रांगी अय्यर, मैनेजर सुबोध नेमा, प्राचार्य परिधि भार्गव
- क्राइस्ट चर्च फॉर बॉयज सीनियर सेकेंडरी स्कूल सिविल लाइंस: चेयरमैन अजय जेम्स, प्राचार्य एलएम साठे, सदस्य अतुल अनुपम इब्राहिम और एकता पीटर
- सेंट अलाइसियस रिमझा: वाइस चेयरमैन फादर इब्राहिम, मैनेजर और प्राचार्य फादर जॉन वॉल्टर, सेकेट्री फादर सीबी जोसफ
- क्राइस्ट चर्च जबलपुर डाइसिसशन स्कूल: चेयरमैन अजय उमेश जेम्स, मैनेजर एलएम साठे, प्राचार्य एकता पीटर, हेड ऑफ डायसिसन इंस्टीट्यूट शाजी थॉमस मैनेजर ललित सालोमन
कैसे हुआ प्राइवेट स्कूलों की लूट का खुलासा
मध्यप्रदेश सरकार ने प्राइवेट स्कूलों की मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए साल 2018 में मध्यप्रदेश निजी विद्यालय (फीस तथा संबंधित विषयों का विनिमियन) अधिनियम 2017 लागू किया था। 25 जनवरी 2018 को राजपत्र में इसका प्रकाशन हुआ। छह साल तक ये कानून ठंडे बस्ते में पड़ा रहा। 27 मई को जबलपुर कलेक्टर ने इसी कानून का सहारा लेकर 11 प्राइवेट स्कूलों के खिलाफ न केवल कार्रवाई की, बल्कि 11 स्कूल संचालकों समेत 51 लोगों पर एफआईआर भी दर्ज की गई है
जबलपुर में 11 निजी स्कूलों पर 22 लाख की पेनाल्टी; 51 पर FIR
एक महीने पहले जबलपुर में कोर्स की किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य शिक्षण सामग्री के नाम पर अभिभावकों से मनमानी राशि वसूलने वाले निजी स्कूलों के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की। इन स्कूलों पर 22 लाख रुपए की पेनाल्टी भी लगाई है। प्रशासन ने 51 लोगों के खिलाफ FIR भी दर्ज की है। इनमें स्कूलों के चेयरमैन, प्राचार्य, सीईओ, मैनेजर, सदस्य, एडवाइजर समेत 20 लोग गिरफ्तार किए गए हैं।

