खजुराहो में आयोजित प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक में प्रस्तावित औद्योगिक परियोजनाओं को दी जाने वाली वित्तीय सुविधाओं के संबंध में अहम निर्णय लिए गए.
Source : @DrMohanYadav51
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
MP Cabinet Meeting In Khajuraho: मध्य प्रदेश के उज्जैन, ग्वालियर और भोपाल जिले में 5 औद्योगिक इकाइयों के निवेश प्रकरणों को मंजूरी दी गई. डॉ. मोहन सरकार का निवेश संवर्धन और रोजगार सृजन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है. बतादें कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खजुराहो में 9 दिसंबर को निवेश संवर्धन पर मंत्रि-परिषद समिति (CCIP) की अहम बैठक ली. बैठक में साथ ही प्रदेश के जिलों में प्रस्तावित औद्योगिक परियोजनाओं को दी जाने वाली वित्तीय सुविधाओं के संबंध में अहम निर्णय लिए गए.
बैठक में उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप, कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल, संस्कृति-पर्यटन-धार्मिक न्यास और धर्मस्व राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र सिंह लोधी, मुख्य सचिव अनुराग जैन सहित प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे.
1850 करोड़ का विस्तार जे.के. सीमेंट करेगा
मंत्रि-परिषद समिति की बैठक में जे.के. सीमेंट कंपनी के निवेश प्रकरण पर चर्चा हुई. कंपनी वर्तमान में पन्ना जिले में 2600 करोड़ रुपये के इंटीग्रेटेड क्लिंकर और सीमेंट प्रोडक्शन प्रोजेक्ट पर काम कर रही है और 6 हजार से अधिक लोगों को रोजगार भी दे रही है. जे.के. सीमेंट भविष्य में 1850 करोड़ रूपये से अधिक के अतिरिक्त निवेश से यूनिट का विस्तार कर रही है, जिससे 800 लोगों को रोजगार मिलेगा.
उज्जैन में अल्केम लैबोरेट्रीज का 500 करोड़ का निवेश
बैठक में अल्केम लैबोरेट्रीज कंपनी का निवेश प्रकरण भी रखा गया. यह कंपनी फार्मा क्षेत्र में फार्मूलेशन-एपीआई और बल्क ड्रग प्रोडक्शन कर रही है. इस कंपनी ने मुंबई में हुए रोड-शो के दौरान 500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की इच्छा जताई थी. कंपनी ने उज्जैन के विक्रम उद्योगपुरी में टैबलेट, कैप्सूल, ड्राई सिरप और ड्राई पाऊडर इंजेक्शन के निर्माण के लिए यूनिट की स्थापना का प्रस्ताव दिया है. इससे 500 लोगों को रोजगार मिलेगा.
उज्जैन को फूड प्रोसेसिंग में मिलेगी नई पहचान
विश्व की सबसे बड़ी पोटेटो फ्लेक्स निर्माताओं में शामिल अहमदाबाद की इस्कॉन बालाजी फूड्स ने उज्जैन की विक्रम उद्योगपुरी में 110 करोड़ रूपये के निवेश से यूनिट स्थापित कर उत्पादन शुरू कर दिया है. इससे 350 लोगों को रोजगार मिला है.
भोपाल में डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक सेक्टर में बड़ा निवेश
राज्य में डिजिटल अवसंरचना, क्लाउड सेवाओं तथा डेटा-आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने की दिशा में मेसर्स कंट्रोल एस डेटा सेंटर लिमिटेड द्वारा बड़वई आईटी पार्क, भोपाल में लगभग 500.20 करोड़ रूपये के निवेश से डेटा सेंटर सुविधा विकसित की जा रही है. परियोजना से प्रदेश में लगभग 870 प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार अवसरों का सृजन होगा. यह निवेश प्रदेश में डिजिटल अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. यह परियोजना डिजिटल इंडिया, मेक इन इंडिया, राष्ट्रीय डेटा नीति, एवं मध्यप्रदेश आईटी और ईएसडीएम निवेश संवर्धन नीति-2023 के लक्ष्यों को आगे बढ़ाएगा.
ग्वालियर में 327.10 करोड़ सीसीएल मेन्युफेक्चरिंग यूनिट
राज्य में इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण, ई.एस.डी.एम. (Electronic System Design and Manufacturing) सेक्टर को प्रोत्साहन प्रदान करने एवं स्थानीय उत्पादन क्षमताओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से केदारा इलेक्ट्रॉनिक्स द्वारा ग्वालियर, मध्यप्रदेश में लगभग 327.10 करोड़ रूपये के निवेश सेकॉपर क्लैड लैमिनेट (CCL) निर्माण इकाई स्थापित किए जाने का प्रस्ताव रखा गया. परियोजना से राज्य में लगभग 220 प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार अवसर उपलब्ध होंगे.
औद्योगिक नीति के प्रस्ताव पर सैद्धांतिक अनुमोदन
बैठक में मंत्री मंडलीय समिति ने सभी प्रस्तावित एवं संचालित परियोजनाओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग के प्रस्ताव पर सैद्धांतिक अनुमोदन दिया. इसके तहत प्रचलित उद्योग संवर्धन समितियों में उपलब्ध प्रावधानों के साथ ही अतिरिक्त सुविधाएं प्रदान करने पर सहमति बनी. इस निर्णय से न केवल प्रदेश में औद्योगिक प्रगति का मार्ग प्रशस्त होगा बल्कि युवाओं के लिये बड़े पैमाने पर रोजगार अवसर भी उपलब्ध होंगे.

