IND vs NZ: भारतीय बल्लेबाजों ने दूसरी पारी में शानदार अंदाज में पलटवार किया, फिर भी हार को टाल नहीं सके
Source : DB News Update
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
How India Lost In Bengaluru Test: बैंगलुरु टेस्ट में भारत को पहली पारी में लड़खड़ाने के कारण 8 विकेट से करारी हार का सामना करना पड़ा. इस तरह न्यूजीलैंड टीम 3 टेस्ट मैचों की सीरीज में 1-0 से आगे हो गई है. टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम महज 46 रनों पर सिमट गई थी, जिसके जवाब में न्यूजीलैंड ने 402 रनों का स्कोर बनाया.
पहली पारी के आधार पर न्यूजीलैंड को 356 रनों की बड़ी बढ़त मिली. हालांकि, इसके बाद भारतीय बल्लेबाजों ने दूसरी पारी में शानदार अंदाज में पलटवार किया, लेकिन हार को टाल नहीं सके.
कीवी टीम ने इतिहास रचते हुए भारत में 36 साल बाद कोई टेस्ट मैच जीत लिया है. उसे पिछली जीत 1988 में मिली थी. तब न्यूजीलैंड के कप्तान जॉन राइट थे. वह बाद में भारतीय टीम के हेड कोच भी हुए थे. इसके अलावा न्यूजीलैंड को एक और जीत 1969 में मिली थी. उस समय ग्राहम डाउलिंग के हाथों में कमान थी.
पांचवें दिन नहीं हुआ चमत्कार
न्यूजीलैंड की टीम को दूसरी पारी में जीत के लिए 107 रन बनाने थे. पांचवें दिन बेंगलुरु में चमत्कार की उम्मीद थी. भारतीय फैंस बारिश की राह देख रहे थे. बेंगलुरु में पहले दिन मैच बारिश के कारण पूरी तरह बर्बाद हुआ था. उसके बाद भी मुकाबले के दौरान कई बार बारिश ने खलल डाला. हालांकि, जब टीम इंडिया और उसके फैंस चाह रहे थे कि जोरदार बारिश हो और मैच ड्रॉ हो जाए, तब इंद्रदेव रूठ गए. मैच के पांचवें दिन सुबह में बारिश हुई तो खेल देरी से शुरू हुआ. न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों ने ओवरकास्ट कंडीशन में धैर्य दिखाया और मैच को अपने नाम कर लिया.
भारत के लिए डरावना दूसरा दिन
पहले दिन मैच बारिश के कारण शुरू नहीं हुआ. यहां तक कि टॉस भी नहीं हो सका. दूसरे दिन जब टॉस हुआ तो भारत के कप्तान रोहित शर्मा ने पहले बल्लेबाजी का फैसला कर लिया. उनका यह निर्णय गलत साबित हुआ. आसमान में बादल छाए हुए थे. ओवरकास्ट कंडीशन में न्यूजीलैंड के फास्ट बॉलर्स ने कहर बरपा दिया और भारतीय टीम को 46 रन पर समेट दिया. रोहित ने दिन के खेल के बाद अपनी गलती स्वीकार की. उन्होंने कहा कि वह पिच को सही से नहीं पढ़ पाए.
रचिन रवींद्र और टिम साउदी ने दिया दर्द
न्यूजीलैंड की टीम जब पहली पारी में बल्लेबाजी के लिए आई तो उसे शुरुआती ओवरों में परेशानी का सामना करना पड़ा. कप्तान टॉम लाथम (15) के आउट होने के बाद विल यंग (33) ने रचीन रवींद्र के साथ मिलकर पारी को संभाल लिया. विल यंग के आउट होने के बाद एक छोर से लगातार विकेट गिरते रहे, लेकिन रचिन रवींद्र टिके रहे. उन्होंने 134 रन बनाए. उन्हें अनुभवी खिलाड़ी टिम साउदी का साथ मिला. फास्ट बॉलर साउदी ने बल्ले से कमाल करते हुए 65 रन बनाकर टीम इंडिया को गहरा जख्म दिया. उनके रन भारी पड़ गए. न्यूजीलैंड की टीम पहली पारी में 402 रन पर सिमट गई. कीवियों को 356 रनों की लीड हासिल हुई.
काउंटर अटैक ने टीम इंडिया की कराई वापसी
दूसरी पारी में भारी लीड के दबाव में भारतीय बल्लेबाज नहीं आए. कप्तान रोहित शर्मा और यशस्वी जायसवाल ने टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई. यशस्वी 35, रोहित शर्मा 52 और विराट कोहली 70 रन बनाकर आउट हुए. विराट ने युवा स्टार सरफराज खान के साथ मिलकर तीसरे विकेट के लिए 136 रन की साझेदारी करके टीम इंडिया को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया. सरफराज ने उनके आउट होने के बाद ऋषभ पंत के साथ अटैक जारी रखा. दोनों ने चौथे विकेट के लिए 177 रन जोड़े. पंत दुर्भाग्यशाली रहे और 99 रन पर आउट हो गए. सरफराज ने अपने करियर की बेस्ट पारी खेली. उन्होंने 150 रन बनाए. भारत को निचले क्रम के बल्लेबाजों ने निराश किया. केएल राहुल 12, रवींद्र जडेजा 5 और रविचंद्रन अश्विन 15 रन बनाकर आउट हुए. भारत ने 460 रन बनाकर दूसरी पारी में 106 रन की लीड हासिल की. इस तरह न्यूजीलैंड को 107 रन का टारगेट मिला.
पांचवें दिन नहीं मिले 10 विकेट
न्यूजीलैंड ने लक्ष्य का पीछा करते हुए अपनी दूसरी पारी में चौथे दिन शुरू की. दिन का खेल समाप्त होने के समय उसका स्कोर 0/0 था. ऐसे में पांचवें दिन उसे 107 रन बनाने थे. टॉम लाथम को जसप्रीत बुमराह ने जल्दी ही आउट करके सनसनी पैदा कर दी. लाथम खाता खोले बगैर एलबीडब्ल्यू हो गए. उनके बाद डेवोन कॉनवे भी बुमराह का शिकार बने. उन्होंने 17 रन बनाए. दो विकेट गिरने के बाद रचिन रवींद्र और विल यंग ने कीवी टीम के लिए मैच को समाप्त कर दिया. विल यंग 48 और रवींद्र 39 रन बनाकर नाबाद रहे. न्यूजीलैंड ने 2 विकेट पर 110 रन बनाकर मैच को जीत लिया. सीरीज का दूसरा मुकाबला 24 अक्टूबर से पुणे में होगा.

