विक्रमादित्य वैदिक घड़ी स्थापित करने पर कैबिनेट के सदस्यों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का माना आभार

By : डीबी न्यूज अपडेट | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Vedic Clock In Ujjain: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा मुख्यमंत्री निवास में विक्रमादित्य वैदिक घड़ी स्थापित किए जाने पर मंत्रि-परिषद के सदस्यों ने शॉल और पुष्प-गुच्छ भेंट कर आभार व्यक्त किया. मंत्रियों ने कहा कि यह पहल भारतीय परंपरा, वैदिक गणना और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को नई पीढ़ी तक पहुंचाने वाली है, जो प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को और मजबूत करेगी.
घड़ी के साथ मोबाइल एप भी हुआ तैयार
विक्रमादित्य वैदिक घड़ी भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक तकनीक का अद्भुत संगम है. यह घड़ी केवल समय बताने तक सीमित नहीं है, बल्कि सूर्योदय, सूर्यास्त, राहुकाल, अभिजीत मुहूर्त और चंद्रमा की स्थिति जैसी जानकारी भी उपलब्ध कराती है. इसमें वैदिक समय के साथ-साथ भारतीय मानक समय और ग्रीनविच मानक समय का तुलनात्मक अध्ययन भी संभव है. इस अनूठी घड़ी के साथ मोबाइल एप भी तैयार किया गया है, जो 189 से अधिक भाषाओं में उपलब्ध है और विश्वभर के 7000 से अधिक स्थानों के लिए समय व पंचांग की जानकारी देता है.
मंत्रियों ने कहा कि उज्जैन की वैदिक और सांस्कृतिक परंपरा से प्रेरित यह घड़ी मुख्यमंत्री निवास में स्थापित होना गर्व की बात है. यह पहल प्रदेश की गौरवशाली धरोहर को अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाने के साथ युवाओं को वैदिक विज्ञान और गणना प्रणाली से जोड़ने में सहायक सिद्ध होगी.
60 नहीं इतने मिनट का होगा एक घंटा
यह घड़ी उज्जैन में जंतर-मंतर के भीतर सरकारी जीवाजी वेधशाला के निकट 85 फुट ऊंचे टॉवर पर लगी हुई है. ऐसा कहा जा रहा है कि यह धीरे-धीरे राशिफल भी बताएगी. बता दें, यह वैदिक घड़ी पूर्ण रूप से डिजिटल है, जिसमें एक घंटा 48 मिनट का होगा और एक दिन में 24 नहीं बल्कि 30 घंटे होंगे. इसके साथ ही यह मुहूर्त के बारे में भी बताएगी.
इनकी रही उपस्थिति
इस अवसर पर परिवहन, स्कूल शिक्षा मंत्री श्री उदय प्रताप सिंह, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री नागर सिंह चौहान, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, संस्कृति, पर्यटन, धार्मिक न्यास और धर्मस्व राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र सिंह लोधी, कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल, पशुपालन एवं डेयरी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) लखन पटेल, मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नारायण सिंह पवार सहित अन्य मंत्री शामिल थे.

