उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को रविवार को सुबह-सुबह दिल्ली एम्स के कार्डियक विभाग में भर्ती कराया गया. 74 वर्षीय धनखड़ ने पिछले साल 21 जुलाई को स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया था.
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By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Jagdeep Dhankhar: उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की अचानक तबीयत खराब हो गई है. मीडिया सूत्रों के अनुसार, बीती रात करीब 2 बजे उन्हें दिल्ली एम्स में भर्ती कराया गया है, जहां उनके हार्ट में स्टंट डाला गया है. बताया जा रहा है कि रात के समय उन्हें सोने के दौरान बेचैनी और सीने में दर्द महसूस हुआ था. फिल्हाल एम्स की ओर से इसकी पुष्टि नहीं की गई है.
फिलहाल उनकी हालत स्थिर
एएनआई कि रिपोर्ट के मुताबिक, अस्पताल के सूत्रों ने कहा है कि 73 वर्षीय उपराष्ट्रपति को रविवार (9 मार्च, 2025) को सुबह-सुबह एम्स के कार्डियक विभाग में भर्ती कराया गया. फिलहाल उनकी हालत स्थिर है और उन्हें निगरानी में रखा गया है. उपराष्ट्रपति का इलाज एम्स के कार्डियोलॉजी विभाग के हेड डॉ. राजीव नारंग की निगरानी में हो रहा है. उन्हें क्रिटिकल केयर यूनिट (सीसीयू) में रखा गया है. वहीं डॉक्टरों की टीम उनकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं.
जगदीप धनखड़ पहले भी कई बार बेहोश हो चुके हैं
आपको बता दें कि जगदीप धनखड़ पहले भी कई बार बेहोश हो चुके हैं. कच्छ का रण, उत्तराखंड, केरल और दिल्ली में सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होने के दौरान भी वो कई बार बेहोश हो चुके थे. फिलहाल वह स्वास्थ लाभ ले रहे हैं.उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए 21 जुलाई को उपराष्ट्रपति के पद से इस्तीफा दे दिया था. हृदय संबंधी बीमारी के कारण धनखड़ को पिछले साल भी एम्स में भर्ती कराया गया था.
जगदीप धनखड़ दो बार हुए बेहोश
स्वास्थ्य अपडेट देते हुए अधिकारियों ने बताया कि शनिवार को वे वॉशरूम गए थे, तो दो बार बेहोश हो गए थे। इसके बाद उन्हें मेडिकल जांच की सलाह दी गई. एक अधिकारी ने बताया, आज वह चेकअप के लिए AIIMS गए थे, जब डॉक्टरों ने जोर दिया कि उन्हें टेस्ट के लिए भर्ती होना चाहिए. अधिकारियों ने बताया कि मेडिकल जाँच के हिस्से के तौर पर डॉक्टर MRI करने की उम्मीद कर रहे हैं.
21 जुलाई को दिया था उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा
आपको बता दें कि 74 वर्षीय धनखड़ ने पिछले साल 21 जुलाई को स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया था. यह इस्तीफा अचानक था और उस समय इसने कई अटकलों को जन्म दिया था. इस्तीफे के बाद, धनखड़ बहुत कम सार्वजनिक कार्यक्रमों में दिखे. संसद का मानसून सत्र 21 जुलाई 2025 को शुरू हुआ था. बतौर राज्यसभा के सभापति दिन में पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने राज्यसभा की कार्यवाही का संचालन किया था. उसी रात को उपराष्ट्रपति के आधिकारिक एक्स अकाउंट पर धनखड़ का इस्तीफा आ गया. इस इस्तीफे में उन्होंने सेहत का हवाला दिया था. उनके अचानक इस्तीफे पर तब विपक्ष और कई राजनीतिक विश्लेषकों ने सवाल उठाए थे और कहा था कि इसके पीछे सेहत नहीं कुछ और वजह लगती है.
आवास के लिए सरकार को लिख चुके हैं पत्र
अभी कुछ दिनों पहले खबर आई थी कि उनके इस्तीफे के पांच महीने बाद भी पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को सरकारी आवास नहीं मिला था. कुछ करीबी लोगों ने इसकी जानकारी दी थी. 22 अगस्त को आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के सचिव को पत्र लिखकर पूर्व उपराष्ट्रपतियों को प्राप्त होने वाले आधिकारिक आवास का अनुरोध किया था.
पूर्व उपराष्ट्रपति को कौनसी सुविधाएं मिलती हैं?
बता दें, पूर्व उपराष्ट्रपति को भारत सरकार से कई सुविधाएं मिलती हैं. इनमें दो लाख रुपये प्रति महीने की पेंशन, टाइप 8 बंगला, एक निजी सचिव, एक अतिरिक्त निजी सचिव, एक निजी सहायक, एक डॉक्टर, एक नर्सिंग अफसर समेंत चार निजी सहायक के हकदार हैं.

