एमपी के जबलपुर कलेक्टर ने पर्यावरण संरक्षण के लिए होलिका दहन में लकड़ियों के स्थान पर गो-काष्ठ और गोबर के उपलों के उपयोग को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिये हैं.
Source : SOCIAL MEDIA
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Jabalpur Collectorate Office Meeting Minutes News : प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार एमपी के जबलपुर जिले में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में नया कदम बढ़ाया है और होलिका दहन में लकड़ियों के स्थान पर गो-काष्ठ और गोबर के उपलों का उपयोग करने की दिशा में कदम बढ़ाया है. कलेक्ट्रेट कार्यालय में आज 28 मार्च को कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायत सीईओ, थाना प्रभारियों एवं नगरीय निकायों के अधिकारियों के साथ कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक हुई. इस अवसर पर सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि गोबर से बने उपलों का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाए और जिन लोगों के द्वारा गौकाष्ठ का प्रयोग किया जाए, उन्हें सम्मानित किया जाए.
प्राकृतिक एवं हर्बल रंगों से होली खेलने पर जोर
कलेक्टर श्री सिंह ने इन अधिकारियों से कहा है कि जनसहयोग एवं सामाजिक सहभागिता के माध्यम से प्रयास किये जायें की होलिका दहन में लकड़ी की जगह उपलों और गौकाष्ठ का प्रयोग हो. साथ ही पर्यावरण सरंक्षण और पानी बचाने के लिये प्राकृतिक एवं हर्बल रंगों से होली खेलने तथा होली का उत्सव भाईचारे से मनाने के लिये नागरिकों को प्रोत्साहित किया जाये.
श्री सिंह ने होलिका दहन में लकड़ी की जगह उपलों और गौकाष्ठ के उपयोग को बढ़ावा देने के लिये जिले के ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में सार्वजनिक रूप से होलिका दहन करने वाली संस्थाओं का पंचायतों, तहसीलों एवं नगरीय निकायों में निःशुल्क पंजीयन की व्यवस्था करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिये हैं.
प्राथमिकता से करें राजस्व प्रकरणों का निराकरण
कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में आज राजस्व अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई. जिसमें मुख्य रूप से राजस्व प्रकरणों के निराकरण समय-सीमा में सुनिश्चित करने के निर्देश दिये. बैठक में विशेष रूप से सेवानिवृत्त आईएएस अरूण पांडे उपस्थित हुये और अपने प्रशासनिक अनुभव को साझा करते हुये नवाचार करने के लिये प्रोत्साहित किया. उन्होंने अधिकारियो से कहा कि समय के साथ अपडेट रहें. इसके लिये बीच-बीच में सुशासन व प्रशासनिक कार्यो में दक्षता के संबंध में कार्यशाला कर उस दिशा में आगे बढ़ते रहें.
इन कामों को करने के मिले निर्देश
- नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, किसानों के ई-केवयासी, खसरे में आधार लिंकिंग, सीएम हेल्पलाइन आदि शिकायतों का प्राथमिकता से निराकरण करें.
- राजस्व वसूली, भू-अर्जन, भूमि आवंटन के प्रकरणों में प्रगति लाने के निर्देश दिये.
- राजस्व प्रकरणों की पेंडेंसी खत्म करने के लिये आरसीएमएस में रोजाना दर्ज होने वाले प्रकरणों से अधिक का निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश राजस्व अधिकारियों दिये.
- शहरी क्षेत्र के नजूल पट्टों का भौतिक सत्यापन करें और उस आधार पर राजस्व वसूली सुनिश्चित करें.
- बड़े व्यवसायिक समूह पर गंभीरता से ध्यान दें. साथ ही इस बात पर भी ध्यान दें कि जिस उद्धेश्य से भूमि ली गई है और उसमें दूसरी गतिविधियां संचालित हो रही है तो आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें.
- सभी तहसीलदार 10-10 बड़े बकायादारों की सूची प्रस्तुत करें. नोटिस तामिली करें और राजस्व वसूली करें.
- शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में पटवारी जायें और भूमि का सीमांकन कर डायवर्सन शुल्क तय करें.
- खाद्य प्रतिष्ठानों पर छापामारी करें.
- अवैध माइनिंग, अतिक्रमण पर भी आवश्यक कार्रवाई करें.
- कुर्की की कार्रवाई समय-सीमा में हो.
- कंटेम्ट प्रकरणों का गंभीरता से लें साथ ही कानून व्यवस्था और विशेष रूप से होली पर्व के दौरान सतर्कता बरतने के निर्देश दिये.
- संवेदनशील क्षेत्रों में जायें और शांति समिति की बैठक कर होली के पर्व को शांति और सौहार्द के साथ संपन्न करायें.
इस दौरान अपर कलेक्टर श्री गौंड ने अपनी सेवानिवृत्ति के अवसर पर 38 सालों के प्रशासनिक अनुभव को साझा कर सुशासन व प्रशासनिक कार्यो के बारे में बताया.
बैठक में सीईओ जिला पंचायत अभिषेक गहलोत, एसडीएम पंकज मिश्रा, एसडीएम व स्मार्ट सिटी सीईओ अनुराग सिंह, एसडीएम अभिषेक सिंह सहित सभी राजस्व अधिकारी मौजूद थे.
शासकीय माध्यमिक शाला खमरिया का निरीक्षण
कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह और सीईओ जिला पंचायत अभिषेक गहलोत ने शासकीय माध्यमिक शाला खमरिया का निरीक्षण किया. इस दौरान वहां आठवीं कक्षा की परीक्षा चल रही थीं. कलेक्टर ने विद्यालयीन व्यवस्था के साथ किचिन शेड का भी निरीक्षण कर संबंधित अधिकारी को आवश्यक निर्देश दिये. निरीक्षण के दौरान योगेश शर्मा भी मौजूद थे.

