जबलपुर में ऐसे कई मंदिर हैं, जहां शिव के दर्शन किए जा सकते हैं
By : DB न्यूज अपडेट | Edited By : प्रिंस अवस्थी
Sawan 2025 Jabalpur Jyotirlinga: हिंदू धर्म में सावन का महीना सबसे पवित्र माह है., जिसमें 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन का विशेष महत्व है, इस दौरान सबको 12 ज्योतिर्लिंग का दर्शन करना संभव नहीं हो पाता है. लेकिन जबलपुर में ऐसे कई मंदिर हैं, जहां शिव का दर्शन किया जा सकता है. जबलपुर में कई ऐसे स्थान और मंदिर हैं. जहां 12 ज्योतिर्लिंग के एकसाथ दर्शन किए जा सकते हैं.
इस कारण संभव नहीं है एक साथ दर्शन
12 ज्योतिर्लिंग वो हैं जहां शिव जी ज्योति रूप में प्रकट हुए थे. कहा जाता है कि सावन में जो 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन कर लेता है उसके लिए मोक्ष के रास्ते खुल जाते हैं. हालांकि हर किसी के लिए देश के अलग-अलग हिस्सों में इन मंदिरों के होने से दर्शन करना संभव नहीं है.
जबलपुर के स्थानों पर किए जा सकते हैं दर्शन
सावन माह में जबलपुर के आसपास कई ऐसे पावन स्थान हैं. जहां 12 ज्योतिर्लिंग के एकसाथ दर्शन किए जा सकते हैं, मान्यता है कि इनके दर्शन से समस्त ज्योतिर्लिंग की पूजा का फल प्राप्त होता है. ये मंदिर जबलपुर के गौरीघाट, लम्हेटाघाट, विजय नगर कचरान सिटी में एक साथ विराजमान हैं, जहां 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन एक साथ हो सकते हैं.
12 ज्योतिर्लिंग जैसी आकृति
जबलपुर गौरीघाट के ऊपर 12 ज्योतिर्लिंग विराजमान हैं. जिनकी हूबहू 12 ज्योतिर्लिंगों की आकृति देखने को मिल जाएगी. जैसी असली ज्योतिर्लिंग मंदिरों में दर्शन करने को मिलती है. सावन में इनके दर्शन करने से शिवलोक के द्वार आपके लिए खुल जाते हैं ऐसी मान्यता है.
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान शिव जहां जहां प्रकट हुए हैं, उन्हीं 12 स्थान पर स्थित शिवलिंग को पवित्र ज्योतिर्लिंगों के रूप में पूजा अर्चना की जाती है.
12 ज्योतिर्लिंग के नाम
गुजरात में सोमनाथ, नागेश्वर, आंध्र प्रदेश में मल्लिकार्जुन, मध्यप्रदेश में महाकाल, ओंकारेश्वर, उत्तराखंड में केदारनाथ, महाराष्ट्र में त्र्यंबकेश्वर, भीमाशंकर, घुश्मेश्वर, यूपी में काशी विश्वनाथ, झारखंड में वैद्यनाथ, तमिलनाडु में रामेश्वरम स्थित हैं.
शिव पुराण के अनुसार सावन में इन 12 ज्योतिर्लिंग का नाम मात्र लेने से जीवन के सभी दु:ख दूर हो जाते हैं, लेकिन दर्शन करने से परलौकिक सुख की प्राप्ति होती है.
Disclaimer: यह सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि DBNewsupdate.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

