चंडीगढ़ एयर पोर्ट पर देखने को मिली, जहां कंगना रनोट को एक CISF महिला कॉन्स्टेबल ने थप्पड़ जड़ दिया, उस महिला जवान का एक वीडियो सामने आया है। कंगना ने एक वीडियो शेयर किया है। उन्होंने कहा, ‘मैं सेफ हूं। आज चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर मेरे साथ हादसा हो गया।
Source : DB News Update
By : DB News Update | Edited By: प्रिंस अवस्थी
Delhi News: किसान आंदोलन की आग आज भी बरकरार है। उसकी खीज चंडीगढ़ एयर पोर्ट पर देखने को मिली, जहां कंगना रनोट को एक CISF महिला कॉन्स्टेबल ने थप्पड़ जड़ दिया, उस महिला जवान का एक वीडियो सामने आया है। उसमें आरोपी कह रही है, ‘कंगना ने कहा था कि 100-100 रुपए की खातिर लोग किसान आंदोलन में बैठ रहे हैं। जब उसने यह बयान दिया तो मेरी मां भी वहां बैठी थी।’
महिला कॉन्स्टेबल का नाम कुलविंदर कौर है। इस घटना के बाद उसे नौकरी से सस्पेंड कर दिया गया है और पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।
ये घटना गुरुवार दोपहर साढ़े 3 बजे की है। कंगना चंडीगढ़ से दिल्ली जा रही थीं। तभी एयरपोर्ट पर सिक्योरिटी चेक के दौरान महिला कॉन्स्टेबल के साथ बहस हुई और उसने थप्पड़ मार दिया। कंगना ने इस मामले में शिकायत भी दर्ज कराई है।
महिला जवान ने मुझे गालियां दीं, कंगना का आरोप
कंगना ने एक वीडियो शेयर किया है। उन्होंने कहा, ‘मैं सेफ हूं। आज चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर मेरे साथ हादसा हो गया। एयरपोर्ट पर एक महिला जवान ने मुझे गालियां देनी शुरू कर दीं। उसने बताया कि वो किसान आंदोलन की सपोर्टर है। उसने साइड से आकर मुझे चेहरे पर हिट कर दिया। मैं तो सुरक्षित हूं, लेकिन मेरी चिंता पंजाब में बढ़ रहे उग्रवाद और आतंकवाद को लेकर है। इसे कैसे भी करके हैंडल करना पड़ेगा।’
मामले की जांच के लिए 4 मेंबर्स की टीम का गठन
हरियाणा के CM नायब सिंह सैनी ने कहा है कि आरोपी के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है, फिलहाल जांच चल रही है। जो भी हुआ वो गलत था।
उधर, CISF कमांडेंट ने महिला कॉन्स्टेबल को हिरासत में लेकर इन्क्वायरी शुरू कर दी है। महिला कॉन्स्टेबल सस्पेंड हो चुकी है और कमांडेंट की तरफ से जांच के लिए 4 सदस्यों की टीम का गठन किया गया है। सीईओ अजय वर्मा ने CISF के कमांडेंट पीआर मिश्रा के हवाले से इसे कन्फर्म किया है।
ऐसी रिपोर्ट्स हैं कि कुलविंदर कौर को किसान मजदूर संघर्ष कमेटी सम्मानित कर सकती है। कुलविंदर कौर का भाई इस कमेटी में संगठन सेक्रेटरी है।
किसान आंदोलन में महिलाएं 100 रुपए में शामिल होती हैं
कंगना ने किसान आंदोलन को लेकर एक पोस्ट पर कमेंट किया था। इसमें एक बुजुर्ग महिला की फोटो थी। एक्ट्रेस ने लिखा, ‘हाहाहा, ये वही दादी है, जिसे टाइम मैग्जीन में भारत की पावरफुल महिला होने पर फीचर किया गया था। वो 100 रुपए में उपलब्ध है। पाकिस्तानी जर्नलिस्ट ने भारत के लिए इंटरनेशनल पीआर को हाईजैक कर लिया है, जो शर्मिंदगी भरा रास्ता है। हमें इंटरनेशनली बोलने के लिए अपने लोगों की जरुरत है।
कंगना का बयान सामने आने के बाद दिल्ली सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के चीफ मजिंदर सिंह सिरसा ने कंगना को एक लीगल नोटिस भेजकर माफी की मांग की थी।
आंदोलनकारियों की तुलना ‘खालिस्तानी‘ आतंकियों से की थी
कंगना ने किसान आंदोलन को लेकर कई ट्वीट किए थे। इसकी वजह से उनकी पंजाबी सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ के साथ सोशल मीडिया पर तीखी बहस भी हो गई थी। शिरोमणि अकाली दल के नेताओं ने कंगना के खिलाफ केस भी दर्ज कराया था।
बेवाक बयानबाजी के लिए जानी जाती हैं कंगना
कंगना रनौत की बेबाकी ने उन्हें सिर्फ एक अभिनेत्री ही नहीं, बल्कि एक विवादित और प्रभावशाली सार्वजनिक आवाज़ भी बना दिया है। कुछ लोग उनकी साफगोई की तारीफ करते हैं, जबकि कुछ लोग उनके बयानों की आलोचना भी करते हैं। राजनीतिक रूप से उनके विचार अक्सर सरकार और राष्ट्रीय मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखती हैं। वो कई बार Narendra Modi के समर्थन में बोलती दिखाई देती हैं। उन्होंने देशभक्ति, किसानों के आंदोलन, और सामाजिक मुद्दों पर भी कड़े बयान दिए, जिससे उन्हें समर्थन भी मिला और आलोचना भी।
कंगना क्यों रहती हैं चर्चा में?
- बिना झिझक अपनी बात सभी के सामने रखती हैं.
- बड़े नामों को सीधे चुनौती देती हैं.
- संवेदनशील मुद्दों पर तीखी राय देती हैं.

